Meaning of

ज़िश्त

jisht • جشت

जीवन; अस्तित्व; होना

life; existence; being

زندگی; وجود; ہونا

Persian

अना ने खोल दी छतरी हमारे दरमियाँ वरना
बहुत दुश्वारियाँ होतीं गुज़िश्ता रात बारिश में

1

Download Image

ये तेरे ख़त ये तेरी ख़ुशबू ये तेरे ख़्वाब-ओ-ख़याल
मता-ए-जाँ हैं तेरे कौल और क़सम की तरह

गुज़िश्ता साल मैं ने इन्हें गिनकर रक्खा था
किसी ग़रीब की जोड़ी हुई रक़म की तरह

74

Download Image

गुज़िश्ता साल शायद ठीक से मारा नहीं था
ये रावण इस बरस फिर सामने तनकर खड़ा है

33

Download Image

गुज़िश्ता साल कोई मस्लहत रही होगी
गुज़िश्ता साल के सुख अब के साल दे मौला

28

Download Image

हर नफ़स उम्र-ए-गुज़िश्ता की है मय्यत 'फ़ानी'
ज़िन्दगी नाम है मर मर के जिए जाने का

16

Download Image

गुज़िश्ता साल के ज़ख़्मो हरे-भरे रहना
जुलूस अब के बरस भी यहीं से निकलेगा

10

Download Image

जो हँसते हैं मुहब्बत की कहानी पर
तरस खाते नहीं आँखों के पानी पर

गुज़िश्ता सालों से दरिया उफाँ पर है
कि पानी मर मिटा हो जैसे पानी पर

4

Download Image

सर पटक के रो रहा हूँ मैं गुज़िश्ता रात से
छोड़ जाने को कहा था उस ने मुझ सेे ख़्वाब में

3

Download Image

वो गुज़िश्ता दिनों मुयस्सर था
ये मह-ओ-साल मेरे हक़ में नहीं

2

Download Image

मिल ही जाता है परस्तिश करने वाला
कोई लड़की ज़िश्त-रू होती नहीं है

1

Download Image

अना ने खोल दी छतरी हमारे दरमियाँ वरना
बहुत दुश्वारियाँ होतीं गुज़िश्ता रात बारिश में

1

Download Image

ये तेरे ख़त ये तेरी ख़ुशबू ये तेरे ख़्वाब-ओ-ख़याल
मता-ए-जाँ हैं तेरे कौल और क़सम की तरह

गुज़िश्ता साल मैं ने इन्हें गिनकर रक्खा था
किसी ग़रीब की जोड़ी हुई रक़म की तरह

74

Download Image

'ज़िश्त' अपने मूल अर्थ में जीवन के सार को दर्शाता है, वह धड़कन जो हर जीवित प्राणी में बहती है। कविता में, यह शब्द जीवन के संघर्षों और विजय को समेटता है, उन अदृश्य धागों को जो हमारे दिनों के ताने-बाने को बुनते हैं।

'ज़िश्त' का उपयोग कवि अक्सर मानव अनुभव की गहराई को खोजने के लिए करते हैं। यह एक क्षणभंगुर पल की सुंदरता या जीवन भर के भार को उजागर कर सकता है। यह केवल जीवित रहने को दर्शाने वाले शब्दों के विपरीत है, जो वास्तव में जीने की समृद्धि को उजागर करता है।

कविता के क्षेत्र में, 'ज़िश्त' जीवन के अनगिनत रंगों को प्रतिबिंबित करने वाला दर्पण बन जाता है। यह अस्तित्व के वास्तविक अर्थ पर विचार करने के लिए आमंत्रित करता है।