Meaning of

रू-ए-ख़ुमार

roo-e-khumaar • رو خمار

मदहोशी का चेहरा; परमानंद का मुख

face of intoxication; visage of ecstasy

نشہ کا چہرہ; سرور کا چہرہ

Persian

'रू-ए-ख़ुमार' एक ऐसे चेहरे की आकर्षण और रहस्य को पकड़ता है जो मदहोशी या आनंद को दर्शाता है। कविता में, यह अक्सर एक प्रिय की मोहक सुंदरता का प्रतीक होता है जो परमानंद की स्थिति में खोया हुआ है, एक ऐसा क्षण जहाँ वास्तविकता एक सपने में धुंधला जाती है।

कवि 'रू-ए-ख़ुमार' का उपयोग प्रेम या मदहोशी के मंत्रमुग्ध कर देने वाले प्रभाव को चित्रित करने के लिए करते हैं। यह एक प्रेमी के चेहरे की छवि को प्रस्तुत कर सकता है, शांत और दूरस्थ, मानो किसी दिव्य सम्मोहन से छुआ गया हो।

कविता में, 'रू-ए-ख़ुमार' आत्मा की गहरी इच्छाओं की खिड़की है। यह समय में खोए हुए क्षणों की क्षणिक सुंदरता को पकड़ता है।