Winning submission

उम्र के साग़र में सदियाँ ढालना
ज़िंदगी शायद इसी का नाम है

Javed Aslam Khan

353 days ago

Rules and winning criteria

All entries

ज़िंदगी का दर्द ही इक दाम है
ज़िंदगी शायद इसी का नाम है
-विनोद गणेशपुरे

Vinod Ganeshpure

349 days ago

कुछ सही तो कुछ ख़याल ए ख़ाम है
ज़िंदगी शायद इसी का नाम है

Vineet Dehlvi

349 days ago

कुछ सही तो कुछ ख़याल ए ख़ाम है
ज़िंदगी शायद इसी का नाम है

Vineet Dehlvi

349 days ago

कुछ सही तो कुछ ख़याल ए ख़ाम है
ज़िंदगी शायद इसी का नाम है

Vineet Dehlvi

349 days ago

उम्र भर हर मोड़ पर ढुंढेगें उसे
जिंदगी शायद इसी का नाम है

Rahul Sangwan

349 days ago

दो दिन का मेला है मौत जिसका अंजाम है
ज़िंदगी शायद इसी का नाम है

SACHIN DEO BURMAN

349 days ago

देख कर सोचा पिघलती बर्फ़ को,
ज़िंदगी शायद इसी का नाम है।

Arman Habib

349 days ago

ग़लती पर भी ख़ुदा का ईनाम है,
जिंदगी शायद इसी का नाम है।

Saniya Tasnim

349 days ago

labz se hi kya apko kam hai ?
mohabbat se hi kya aapki sham hai?
mai to nafrat ka pujari hu rakib,
mere hanth me zahar ka zam hai..
pikar ise marna thik hai magar
jindgi isi ka nam hai !

Abhimanyu Payasi

350 days ago

ज़िंदगी शायद इसी का नाम है,
हर सफर का एक जुदा अंजाम है।

Pravin Kumar Jha 'Nipun'

350 days ago

संग फ़रहत ख़ास-कर ग़म आम है
ज़िंदगी शायद इसी का नाम है

Muntazir suraj

350 days ago

फ़ासले रह जाते हैं सुख दुख में जो
ज़िंदगी शायद इसी का नाम है

Achyutam Yadav 'Abtar'

350 days ago

आँख में आँसू लबों पे जाम है
जिंदगी शायद इसी का नाम है

Dinesh Sen Shubh

351 days ago

हर ख़ुशी बस फ़रेब-ए-अय्याम है,
ज़िंदगी शायद इसी का नाम है।

KalamKeAlfaz Dip

351 days ago

न पूछिए हम से किस तरह बर्बाद हुए हैं हम
एक हसीना के इश्क में बर्बाद हुए हैं हम..!।

Minhaj Ali

351 days ago

ख़ास तो तुम पर रहना आम है
ज़िंदगी शायद इसी का नाम है

Vikas Singh

352 days ago

ज़िन्दगी शायद इसी का नाम है,
रौशनी के लिए खुद को जलाना पड़ा।

Rahul Pandey

352 days ago

इस्म के सागर में नेकी बीनना
ज़िन्दगी शायद इसी का नाम है

Mohammad Akram

352 days ago

उम्र के साग़र में सदियाँ ढालना
ज़िंदगी शायद इसी का नाम है

Javed Aslam Khan

353 days ago

दूर घर से हो गए घर के लिए
ज़िन्दगी शायद इसी का नाम है

Dhirendra Pratap Singh

353 days ago


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