Meaning of

अख्तर

akhtar • اختر

तारा; खगोलीय पिंड; भाग्य

star; celestial body; fate

ستارہ; فلکی جسم; قسمت

Arabic

अब साथ नहीं है भी तो शिकवा नहीं 'अख़्तर' एहसान भी मुझ पर मिरे भाई के बहुत थे — Majeed Akhtar
जब से मुँह को लग गई 'अख़्तर' मोहब्बत की शराब बे-पिए आठों पहर मदहोश रहना आ गया — Akhtar Ansari
दिन रात मय-कदे में गुज़रती थी ज़िंदगी 'अख़्तर' वो बे-ख़ुदी के ज़माने किधर गए — Akhtar Shirani
'अख़्तर' गुज़रते लम्हों की आहट पे यूँँ न चौंक इस मातमी जुलूस में इक ज़िंदगी भी है — Akhtar Hoshiyarpuri
हम यहीं दूद क़ज़ा पे ग़ाफ़िल और सब होंगे कता अख़्तर में — Kunu
तू ने इतनी भी चोटें नहीं खाई हैं 'अख़्तर' दिल किसी और से तू भी तो लगा सकता है — Parwez Akhtar

'अख्तर' का मूल अर्थ तारा या खगोलीय पिंड है, जो मार्गदर्शन और भाग्य का प्रतीक है। कविता में, यह ब्रह्मांड की विशालता और भाग्य की रहस्यमय राहों को दर्शाता है।

कवि अक्सर 'अख्तर' का उपयोग भाग्य या जीवन में मार्गदर्शक प्रकाश के प्रतीक के रूप में करते हैं। यह अप्राप्य या शाश्वत का भी प्रतिनिधित्व कर सकता है, जो सांसारिक चिंताओं के विपरीत है।

'अख्तर' आशा और भाग्य के प्रकाशस्तंभ के रूप में चमकता है, काव्य यात्रा को प्रकाशित करता है।