Meaning of

गम-ए-हिज्राँ

gam-e-hijraan • غم ہجراں

वियोग का दुःख; जुदाई का ग़म

sorrow of separation; grief of parting

جدائی کا غم; فراق کا دکھ

Persian

इस महीने में ग़म-ए-हिज्राँ मिला है इस लिए नफ़रत है माह-ए-फ़रवरी से — Shajar Abbas
देख लो आ के शजर हम ने ग़म-ए-हिज्राँ में अश्क दहलीज़ पे आँखों की सजा रक्खे हैं — Shajar Abbas
मेरे हम उम्र साथी इश्क़ में गर टूट जाए दिल ग़म-ए-हिज्राँ में इक महफ़िल सजाना, शा'इरी करना — AYUSH SONI
आख़िर को मिरे हाल पे वो शख़्स भी रोया कहता था जो कुछ भी नहीं दर्द-ए-ग़म-ए-हिज्राँ — Salman ashhadi sahil

'गम-ए-हिज्राँ' वाक्यांश उस गहरे दुःख को समेटे हुए है जो प्रिय से जुदाई के साथ आता है। कविता में, यह भावनात्मक गहराई का स्रोत है, अनुपस्थिति की पीड़ा और उस खालीपन को भरने वाली लालसा को पकड़ता है।

कवि अक्सर 'गम-ए-हिज्राँ' का आह्वान करते हैं ताकि जुदाई के तीव्र दर्द को व्यक्त किया जा सके। यह लालसा भरी आँखों, मौन आँसुओं, और प्रेमी की अनुपस्थिति की गूंजती प्रतिध्वनि की छवियाँ उत्पन्न करता है।

कविता में, 'गम-ए-हिज्राँ' प्रेम के स्थायी दर्द की मार्मिक याद दिलाता है।