Meaning of

गुमांँ

gumaan • گماں

संदेह; शंका; कल्पना

doubt; suspicion; imagination

شک; شبہ; تخیل

Persian

हम वो हैं जो ख़ुदा को भूल गए तुम मेरी जान किस गुमान में हो — Jaun Elia
बद-गुमानी को बढ़ा कर तुम ने ये क्या कर दिया ख़ुद भी तन्हा हो गए मुझ को भी तन्हा कर दिया — Nazeer Banarasi
ये भी इक रंग है शायद मिरी महरूमी का कोई हँस दे तो मोहब्बत का गुमाँ होता है — Ghulam Mohammad Qasir
जो तुम हो तो ये कैसे मान लूँ मैं कि जो कुछ है यहाँ बस इक गुमाँ है — Ambreen Haseeb Ambar
अब तलक उस को ध्यान हो मेरा क्या पता ये गुमान हो मेरा — Zubair Ali Tabish
आते आते राह पर वो आएँगे जाते जाते बद-गुमानी जाएगी — Nooh Narvi
वो मेहरबाँ है तो इक़रार क्यूँँ नहीं करता वो बद-गुमाँ है तो सौ बार आज़माए मुझे — Qateel Shifai

'गुमांँ' शब्द अनिश्चितता और संदेह की छाया को वहन करता है। कविता में, यह अक्सर हृदय के आंतरिक संघर्ष को दर्शाता है, जहाँ वास्तविकता और कल्पना धुंधली हो जाती हैं। यह विश्वास और संदेह के बीच की नाजुक नृत्य को उभारता है।

कवि 'गुमांँ' का उपयोग संदेह और आत्मनिरीक्षण के विषयों की खोज के लिए करते हैं। यह आत्मा की अनिश्चितताओं का दर्पण बनकर गहरे रहस्यों की ओर ले जाता है। यह शब्द मानव धारणा की नाजुक प्रकृति का भी सुझाव दे सकता है।

कविता के क्षेत्र में, 'गुमांँ' मन की भूलभुलैया के माध्यम से यात्रा का निमंत्रण देता है। यह मानव विचार की जटिलता और सुंदरता का प्रमाण है।