Meaning of

घुँगरू

ghungroo • گھنگرو

पायल की घंटियाँ; छोटे धातु के झंकार

anklet bells; small metallic jingles

پائل کی گھنٹیاں; چھوٹے دھات کے جھنجھناہٹ

Sanskrit

जी भर के मुझ को नाच नचा ले तू ज़िंदगी
मैं ने भी घुँघरू बाँध लिए अपने पाँव में

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वो मेरी फिक्र तो करता है मगर प्यार नहीं
या'नी पाज़ेब में घुँघरू तो है झंकार नहीं

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इन के सहारे कुछ नए से धुन बनाऊँगा
लाया हूँ उस के पाँव से घुँघरू निकाल कर

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पल पल पर उन के लब मैं ही चूम रहा था
दावा उन की नथुनी के घुँघरू करते हैं

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ख़रीदी थी जो इक पाजेब उस के वास्ते मैं ने
सितम ये की मैं उस को आज तक वो दे नहीं पाया

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घुँघरू जैसी आवाजें क्यो धड़कन में
क्या तुम मेरे दिल में कत्थक करती हो

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हर छम छम में मेरा मन है
पायल दिल घुँघरू धड़कन है

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तिरे इस चाँद से माथे से फिसला माँग-टीका
तिरे लब को न छू पाई कभी, वो लाली हूँ मैं

तिरी पाज़ेब से टूटा हुआ बद-बख़्त घुँघरू
तिरे ही कान की खोई हुई इक बाली हूँ मैं

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तेरी यादों के घुँघरू बजते रहते हैं
तू आ के थोड़ी सी ख़ामोशी तो अता कर

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कोठे पे जाना गर तो मिरे दोस्त इस लिए
औरत के दोनों पैरों से घुँघरू निकालना

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जी भर के मुझ को नाच नचा ले तू ज़िंदगी
मैं ने भी घुँघरू बाँध लिए अपने पाँव में

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वो मेरी फिक्र तो करता है मगर प्यार नहीं
या'नी पाज़ेब में घुँघरू तो है झंकार नहीं

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'घुँगरू' शब्द पायल की घंटियों की कोमल ध्वनि को जगाता है, जो अक्सर नृत्य और उत्सव से जुड़ा होता है। कविता में, यह जीवन की लय का प्रतीक है, वह कोमल संगीत जो गति और भावना के साथ चलता है।

कवि 'घुँगरू' का उपयोग नृत्य और गति की छवियों को जगाने के लिए करते हैं। यह स्वतंत्रता, आनंद या समय के प्रवाह का प्रतीक हो सकता है। घुँगरू की ध्वनि अक्सर मौन के साथ विपरीत होती है, उत्सव या आत्मनिरीक्षण के क्षणों को उजागर करती है।

घुँगरू जीवन की लय का सार पकड़ता है, हमारे भीतर और हमारे चारों ओर के संगीत की कोमल याद दिलाता है।