Meaning of

ता'मीर

ta'aamir • تعمیر

निर्माण; इमारत; सृजन

construction; building; creation

تعمیر; عمارت; تخلیق

Arabic

ये मोहब्बत के महल तामीर करना छोड़ दे मैं भी शहज़ादा नहीं हूँ तू भी शहज़ादी नहीं — Afzal Khan
मेरे ही संग-ओ-ख़िश्त से ता'मीर-ए-बाम-ओ-दर मेरे ही घर को शहर में शामिल कहा न जाए — Majrooh Sultanpuri
फ़िक्र-ए-ता'मीर' में न रह मुनइम ज़िंदगानी की कुछ भी है बुनियाद — Meer Taqi Meer
अभी कुछ दाएरे खींचे हैं मैं ने अभी तामीर ख़ुद की कर रहा हूँ — RIZWAN ALI RIZWAN
है तामीर जिस की गुनाहों पे 'माहिर' वो शोहरत किसी रोज़ नीलाम होगी — Pradeep Rajput 'Mahir'
दुआए माँगते हैं इसीलिए अपने उजड़ने की हमें तो यार तेरे हाथ से तामीर होना हैं — Vishal Bagh
किसी की बर्क़-ए-नज़र से न बिजलियों से जले कुछ इस तरह की हो ता'मीर आशियाने की — Anwar Taban
तामीर से बस्ती कोई आबाद नहीं है दीवार गिरा देने से रस्ता नहीं होता — Amit Nandan Dev

मूल रूप से ता'मीर का अर्थ है किसी ठोस चीज़ का निर्माण करना। कविता में, यह भौतिक क्षेत्र से परे जाकर सपनों, संबंधों, या एक नए संसार के निर्माण का प्रतीक बन जाता है। यह आशा और नवीनीकरण की संभावना का भाव जगाता है।

कवि अक्सर ता'मीर का उपयोग भावनात्मक परिदृश्यों के निर्माण को दर्शाने के लिए करते हैं। यह टूटे हुए दिल के पुनर्निर्माण या एक आदर्शवादी दृष्टि के निर्माण का प्रतिनिधित्व कर सकता है। यह शब्द विनाश के विपरीत है, मानव आत्मा की दृढ़ता को उजागर करता है।

ता'मीर सृजन और पुनर्निर्माण की स्थायी मानव इच्छा का प्रमाण है। यह दृढ़ता और आशा की भावना को समेटे हुए है।