Meaning of

पैराए

paraaye • پیرائے

ढंग; शैलियाँ; अभिव्यक्तियाँ

modes; styles; expressions

انداز; اسلوب; اظہار

Persian

इक ज़रा बात पर अपने से पराए हुए लोग हाए वो ख़ून पसीने से कमाए हुए लोग — Khan Janbaz
बंदा किसी के साथ, ख़ुदा हो किसी के साथ जाने पराए शहर में क्या हो किसी के साथ — Mueed Mirza
आज अपने पराए हुए हैं लोभ हलचल मचाए हुए हैं — Navneet krishna
तुम को बेगाने भी अपनाते हैं मैं जानता हूँ मेरे अपने भी पराए हैं तुम्हें क्या मालूम — Saifuddin Saif
ख़मोशी लफ़्ज़ पर भारी नया तर्ज़-ए-बयाँ अपना पराए मुल्क में अब ढूँढ़ता हूँ, हम ज़बाँ अपना — Jaymin Joshi Mauj
अब तो यारों के भी यार हो गए अब निज़ार तुम पराए हो गए — Bhanwar Mandan

'पैराए' मूल रूप से उन विभिन्न ढंगों या शैलियों को संदर्भित करता है जिनमें कुछ व्यक्त किया जा सकता है। कविता ने इस शब्द को अपनाया है ताकि भावनाओं और विचारों को व्यक्त करने के अनगिनत तरीकों का अन्वेषण किया जा सके, प्रत्येक शैली अपनी रंगत और गहराई लाती है।

'पैराए' का उपयोग कवि अक्सर अभिव्यक्ति की विविधता को उजागर करने के लिए करते हैं। यह एक भावनात्मक स्थिति से दूसरी में बदलाव को दर्शा सकता है। यह एकरूपता के विपरीत है, विविध अभिव्यक्तियों की समृद्धि का उत्सव मनाता है।

कविता के क्षेत्र में, 'पैराए' हमें अभिव्यक्ति के असीमित रूपों का अन्वेषण करने के लिए आमंत्रित करता है, प्रत्येक मानव अनुभव का एक अनूठा प्रतिबिंब।