Meaning of

महशर

mahshar • محشر

पुनरुत्थान; अराजकता

resurrection; chaos

قیامت; انتشار

Arabic

ये इश्क़ ख़ुद में है अहमक़ाना तो आप अफ़हाम ढूँढ़ते हो नया सा शायद सबक़ है महशर-ख़िराम का गाम ढूँढ़ते हो — arjun chamoli
भुला के फ़िक्र हम महशर की 'अरहम' यहाँ बस दुनिया दुनिया कर रहे हैं — Mohd Arham
ख़ुदा से रू-बा-रू होना हैं रोज़-ए-महशर में ये बात सोच लो तुम मुझ पा ज़ुल्म ढाते हुए — Shajar Abbas
महशर का दिन आया है अब तो कर्मा बोलेगा — Shivangi Shivi
जून की गर्मी का तो ये आलम है रोज़े महशर का आलम क्या होगा — Irshad Siddique "Shibu"
जिन के हक़ में दुआ न हो माँ की उन के महशर का हाल क्या होगा — Bilal Official
बराबर मक़बरे के दफ़्न हो कर क्या भला होगा कि उस से सामना जब रोज़-ए-महशर ही तिरा होगा — Kabiir

'महशर' शब्द न्याय के दिन की छवियों को उकेरता है, एक ऐसा समय जब हिसाब-किताब और उथल-पुथल होती है। कविता में, यह उथल-पुथल भरी भावनाओं और अराजक घटनाओं को पकड़ता है जो ऐसे गहन क्षण को दर्शाते हैं, अक्सर आंतरिक अशांति या सामाजिक अशांति को चित्रित करने के लिए उपयोग किया जाता है।

कवि अक्सर 'महशर' का आह्वान करते हैं ताकि तीव्र भावनात्मक अवस्थाओं या सामाजिक अराजकता का वर्णन किया जा सके। यह आत्मा के आंतरिक संघर्ष या समुदाय की सामूहिक अशांति को चित्रित कर सकता है। यह शब्द संकट और परिवर्तन के क्षणों के लिए एक शक्तिशाली रूपक के रूप में कार्य करता है।

काव्यात्मक परिदृश्य में, 'महशर' भावनाओं का तूफान है, उथल-पुथल की शक्ति का प्रमाण है।