Meaning of

हिरासत

hiraasat • دیکھوں

हिरासत; बंदी

custody; detention

حراست; قید

Arabic

सोचूँ तो सारी उम्र मोहब्बत में कट गई देखूँ तो एक शख़्स भी मेरा नहीं हुआ — Jaun Elia
आँखें देखूँ तो नज़र चेहरे से हट जाती है ऐसी औरत है मुकम्मल नहीं देखी जाती — Fareh Shujeeh
शाम भी हो गई धुँदला गई आँखें भी मिरी भूलने वाले मैं कब तक तिरा रस्ता देखूँ — Parveen Shakir
हज़ारों क़ुमक़ुमों से जगमगाता है ये घर लेकिन जो मन में झाँक के देखूँ तो अब भी रौशनी कम है — Aanis Moin
तेरा लिक्खा जो पढ़ूँ तो तेरी आवाज़ सुनूँ तेरी आवाज़ सुनूँ तो तेरा चेहरा देखूँ — Bhaskar Shukla
नहीं देखी है शकल तक उस की ख़्वाब में किस की शकल देखूँ मैं — Jaun Elia
अपनी रुस्वाई तिरे नाम का चर्चा देखूँ इक ज़रा शे'र कहूँ और मैं क्या क्या देखूँ — Parveen Shakir
ठीक थी उन सेे मुलाक़ात मगर ठीक ही थी फ़िल्म इतनी नहीं अच्छी कि दोबारा देखूँ — Bhaskar Shukla
सितारों को भी इक दिन आज़माकर देखूँगा मेरी मंज़िल अगर ठोकर है खा कर देखूँगा — Rakesh Mahadiuree

हिरासत शब्द एक बंधन की भावना को जगाता है, जहाँ स्वतंत्रता सीमित होती है। कविता में, यह अक्सर भावनात्मक या आध्यात्मिक कैद का प्रतीक होता है, जहाँ आत्मा अदृश्य जंजीरों से बंधी महसूस करती है।

कवि 'हिरासत' का उपयोग लालसा और प्रतिबंध के विषयों की खोज के लिए करते हैं। यह अधूरी इच्छाओं द्वारा हृदय की कैद या सामाजिक मानदंडों में फंसे मन को दर्शा सकता है।

कविता के क्षेत्र में, 'हिरासत' मानव आत्मा को बांधने वाली अदृश्य जंजीरों का रूपक बन जाती है।