Meaning of

ख़ंजर

khanjar • خنجر

खंजर; चाकू

dagger; knife

خنجر; چاقو

Arabic

वो मेरी पीठ में ख़ंजर ज़रूर उतारेगा मगर निगाह मिलेगी तो कैसे मारेगा — Waseem Barelvi
दामन पे कोई छींट न ख़ंजर पे कोई दाग़ तुम क़त्ल करो हो कि करामात करो हो — Kaleem Aajiz
किस काम के वो फूल जो सबने दिए मुझे बेहतर है तेरे हाथ का ख़ंजर लगे मुझे — Vikram Sharma
मिरे ही वास्ते लाया है दोनो फूल और ख़ंजर मुझे ये देखना है बस वो पहले क्या उठाता है — Parul Singh "Noor"
झुके तो जन्नत उठे तो ख़ंजर करेंगी हम को तबाह आँखें — Parul Singh "Noor"
शहर-वालों की मोहब्बत का मैं क़ायल हूँ मगर मैं ने जिस हाथ को चूमा वही ख़ंजर निकला — Ahmad Faraz
दे दिए है दाग अब तो रंग जमना चाहिए बस तिरे इस हाथ में ख़ंजर न दिखना चाहिए — Nikunj Rana

खंजर तीक्ष्णता और सटीकता की छवियाँ जगाता है, जो अक्सर खतरे, विश्वासघात, या सुरक्षा का प्रतीक होता है। कविता में, यह सुंदरता और खतरे की द्वैत प्रकृति का प्रतिनिधित्व कर सकता है, जो भ्रमों को काटकर गहरी सच्चाइयों को प्रकट करता है।

कवि 'खंजर' का उपयोग संघर्ष, विश्वासघात, और प्रेम और घृणा के तीखे किनारों के विषयों में गहराई से जाने के लिए करते हैं। यह अंतर्दृष्टि या रहस्योद्घाटन की तीव्र स्पष्टता का भी प्रतीक हो सकता है।

खंजर धारणा के परदों को काटता है, सत्य की तीखी सुंदरता और भावनाओं के खतरनाक नृत्य को प्रकट करता है।