Meaning of

रुख़-ए-महताब

rukh-e-mehtaab • رخ مہتاب

चाँद का चेहरा; चंद्रमा का मुख

face of the moon; lunar visage

چاند کا چہرہ; ماہتاب کا رخ

Persian

यह वाक्यांश चाँद की शांत और उज्ज्वल सुंदरता को दर्शाता है। कविता में, यह अक्सर पवित्रता, शांति और एक अलौकिक उपस्थिति का प्रतीक होता है जो दर्शक को मोहित करता है।

'रुख़-ए-महताब' का उपयोग कवि प्रिय के चेहरे और चाँद की कोमल चमक के बीच समानता खींचने के लिए करते हैं। इसका उपयोग प्रशंसा और एक प्रकार की लालसा व्यक्त करने के लिए किया जाता है। यह वाक्यांश प्रिय की गर्मजोशी और चाँद की ठंडी रोशनी के बीच विरोधाभास भी दिखा सकता है।

कविता की दुनिया में, 'रुख़-ए-महताब' सुंदरता और लालसा के लिए एक कालातीत रूपक बना रहता है। यह प्रशंसा और इच्छा के बीच के नाजुक संतुलन को पकड़ता है।