Meaning of

ज़ौक़-ए-मय-कशी

zauq-e-may-kashi • ذوق مے کشی

शराब पीने का स्वाद; शराब का आनंद

taste for wine-drinking; pleasure in consuming wine

مے نوشی کا ذوق; شراب پینے کا لطف

Persian

ज़ौक़-ए-मय-कशी शराब पीने से जुड़ी आकर्षण और लिप्तता को पकड़ता है। कविता में, यह अक्सर सुख की खोज और सांसारिक चिंताओं से पलायन का प्रतीक है। यह वाक्यांश भोगवादी आनंद की भावना जगाता है, फिर भी यह पारलौकिकता और आध्यात्मिक आनंद की गहरी खोज की ओर भी संकेत करता है।

कवि ज़ौक़-ए-मय-कशी का उपयोग लिप्तता और पारलौकिकता के विषयों को खोजने के लिए करते हैं। यह क्षण में जीने की खुशी या नशे के माध्यम से गहरे अर्थ की खोज को प्रतिबिंबित कर सकता है। यह वाक्यांश अक्सर संयम के विपरीत होता है, सांसारिक सुखों और आध्यात्मिक आकांक्षाओं के बीच तनाव को उजागर करता है।

ज़ौक़-ए-मय-कशी लिप्तता और ज्ञान के बीच के अनंत नृत्य को मूर्त रूप देता है। यह भौतिक और आध्यात्मिक के बीच के नाजुक संतुलन की याद दिलाता है।