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Top 10 of
Abhishek shukla
SHER
सियाह रात की सरहद के पार ले गया है
अजीब ख़्वाब था आँखें उतार ले गया है
Abhishek shukla
10
SHER
उस से कहना की धुआँ देखने लाएक़ होगा
आग पहने हुए मैं जाऊँगा पानी की तरफ़
Abhishek shukla
9
SHER
पा ए उम्मीद प रक्खे हुए सर हैं हम लोग
हैं न होने के बराबर ही मगर हैं हम लोग
Abhishek shukla
8
SHER
ये इत्तिफ़ाक़ ज़रूरी नहीं दोबारा हो
मैं तुम को सोचने बैठूँ तो ज़ख़्म भर जाएँ
Abhishek shukla
7
SHER
चलते हुए मुझ में कहीं ठहरा हुआ तू है
रस्ता नहीं मंज़िल नहीं अच्छा हुआ तू है
Abhishek shukla
6
SHER
मैं चोट कर तो रहा हूँ हवा के माथे पर
मज़ा तो जब था कि कोई निशान भी पड़ता
Abhishek shukla
5
SHER
4
SHER
ये जो दुनिया है इसे इतनी इजाज़त कब है
हम पे अपनी ही किसी बात का ग़ुस्सा उतरा
Abhishek shukla
3
SHER
किसी से झूठी मुहब्बत किसी से सच्चा बैर
मैं कर तो सकता हूँ ये सब मगर नहीं करूँँगा
Abhishek shukla
2
SHER
ये आग वाग का दरिया तो खेल था हम को
जो सच कहें तो बड़ा इम्तिहान आँसू हैं
Abhishek shukla
1
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