main tiri jaan hooñ tu dil men basaa le saajan | मैं तिरी जान हूँ तू दिल में बसा ले साजन

  - Arohi Tripathi

मैं तिरी जान हूँ तू दिल में बसा ले साजन
तिरी रुसवाई कहीं मार न डाले साजन

ठीक से देख मुझे मिस्ल-ए-हिना हूँ मैं भी
बाल से पैर तलक मुझको लगा ले साजन

दूर जाना न कभी छोड़ के मुझको साहब
गर सुलाना है तो बाहों में सुला ले साजन

अब तो तन्हाई में कुछ बोल नहीं पाऊँगी
हाँ बुलाना है तो महफ़िल में बुला ले साजन

फिर हमेशा के लिए याँ से चली जाऊँगी
बस मुझे एक दफ़ा अपना बना ले साजन

मैं तो पागल हूँ मुझे कोई समझ है ही नहीं
बेवफ़ाओं की तरह मुझ सेे विदा ले साजन

  - Arohi Tripathi

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