Meaning of

ओढ़नी

odhni • اوڑھنی

घूंघट; दुपट्टा

veil; scarf

گھونگھٹ; دوپٹہ

Hindi

है तेरे इश्क़ की ये ओढ़नी जो दिल ने पहनी है
न नज़रें फेर मुझ सेे तू जुदाई अब न सहनी है

ले चाहे रूप कितने पर न बदलेगा कभी ये सच
की हर इक रूप श्री ही संग नारायण के रहनी है

0

Download Image

तेरे दामन में सितारे हैं तो होंगे ऐ फ़लक
मुझ को अपनी माँ की मैली ओढ़नी अच्छी लगी

36

Download Image

अब्र जब भी गुज़रते हैं गली से
रंग चुरा लेते है तेरी ओढ़नी से

5

Download Image

हमारी हो रही चारों तरफ़ है किरकिरी शायद
ख़ुशी से चूम बैठा जब तुम्हारी ओढ़नी शायद

कभी बोसा कभी आँसू कभी तन्हाइयाँ देते
इसी से और बढ़ती जा रही है आशिक़ी शायद

2

Download Image

तेरी चाहत के हम भी थोड़े से हक़दार बन जाएँ
यही हसरत है तेरी ओढ़नी के तार बन जाएँ

यक़ीं हम को नहीं होता कभी पहली मुहब्बत का
तमन्ना है तुम्हारे आख़िरी हम प्यार बन जाएँ

2

Download Image

है तेरे इश्क़ की ये ओढ़नी जो दिल ने पहनी है
न नज़रें फेर मुझ सेे तू जुदाई अब न सहनी है

ले चाहे रूप कितने पर न बदलेगा कभी ये सच
की हर इक रूप श्री ही संग नारायण के रहनी है

0

Download Image

तेरे दामन में सितारे हैं तो होंगे ऐ फ़लक
मुझ को अपनी माँ की मैली ओढ़नी अच्छी लगी

36

Download Image

'ओढ़नी' शालीनता और गरिमा का प्रतीक है, जो अक्सर नारीत्व और सांस्कृतिक पहचान से जुड़ा होता है। कविता में यह छिपाव, रहस्य, या परंपरा के कोमल आलिंगन का प्रतिनिधित्व कर सकता है।

कवि 'ओढ़नी' का उपयोग रहस्य और परंपरा के विषयों को उजागर करने के लिए कर सकते हैं। यह किसी पात्र की छिपी गहराई या सांस्कृतिक विरासत की कोमल सुरक्षा का प्रतीक हो सकता है।

कविता में 'ओढ़नी' पाठक को सांस्कृतिक समृद्धि और रहस्यमय सुंदरता की परतों में लपेट देती है।