Meaning of

ख़ुश-क़िस्मत

KHush-qismat • خوش قسمت

भाग्यशाली; सौभाग्यशाली

fortunate; lucky

خوش نصیب; خوش بخت

Persian

इत्तिफ़ाक़ अपनी जगह ख़ुश-क़िस्मती अपनी जगह ख़ुद बनाता है जहाँ में आदमी अपनी जगह — Anwar Shaoor
मेरी जाँ तुम कितनी ख़ुश-क़िस्मत हो तुमपे इक शाइ'र का दिल आया है — Pritesh Bunker
ये तो उस के बस में था नज़दीक मेरे और आता मुझ को ख़ुश-क़िस्मत भी होना था जो क़िस्मत ले के जाता — Naresh sogarwal 'premi'
है वही कश्ती पुरानी है वही दरिया मेरा जिस पे तू आने न पाया है वही रस्ता मेरा मैं मिरी मसरूफ़ियत से तंग आ जाता हूँ दोस्त मुझ को सीने से लगा के वक़्त कर ज़ाया' मेरा अपनी वहशत का तक़ाज़ा ढूंढता हूँ दर-ब-दर ले गया है कोहकन जिस रोज़ से तेशा मेरा याद कर कूचा-नवर्दी,याद कर उल्फ़त के दिन याद कर बातें मेरी और याद कर चेहरा मेरा जब हवाएँ थक गईं थीं कोशिशें कर दश्त में रेत तब रक्साँ हुई थी चूम कर साया मेरा बारिशों को मौसमों का खेल सब कहते हैं पर रो पड़े थे अब्र-पारे जान कर क़िस्सा मेरा आँख वो हँसती रही तो खिल उठे सूखे गुलाब आँख वो रोने लगी तो रो पड़ा सहरा मेरा ख़ुसरवान-ए-शहर मैं हो जाऊँगा इक लम्स से और फ़क़त इक दीद से भर जाएगा कासा मेरा मैं किताबों के जहाँ का एक ख़ुशक़िस्मत किताब नाव बच्चों ने बनाया फाड़ कर सफ़्हा मेरा उस नज़र को ख़्वाहिशों का शौक़ दे मेरा ख़याल उस जबीं को रौशनी देता रहे बोसा मेरा मैं मुसलसल बंद करता हूँ मगर फिर दम-ब-दम याद उस की खोलती जाती है दरवाज़ा मेरा — Prasoon
ख़ुश-क़िस्मत था मरने वाला बद-क़िस्मत हूँ मैं ज़िंदा हूँ — Lekhak Suyash
तुम लड़के तो इश्क़ में पागल भी हो सकते हों हम लड़की तो इतनी ख़ुश-क़िस्मत भी नईं होती — Salma Malik

यह शब्द भाग्य की कृपा का आभास कराता है, जहाँ किस्मत किसी व्यक्ति पर मुस्कुराती है। कविता में, यह अक्सर भाग्य और व्यक्तिगत योग्यता के बीच के संबंध को दर्शाता है, जो किसी के मार्ग पर दिव्य या ब्रह्मांडीय समर्थन का संकेत देता है।

कवियों द्वारा इसे प्रेम या जीवन में संयोग को उजागर करने के लिए उपयोग किया जाता है। यह संघर्ष या दुर्भाग्य के विषयों के विपरीत होता है, अक्सर एक मोड़ या कृपा के क्षण का सुझाव देता है।

कविता में, 'ख़ुश-क़िस्मत' जीवन की अप्रत्याशित कृपा का एक कोमल स्मरण बन जाता है।