Meaning of

दग़ा

dagaa • دغا

धोखा; विश्वासघात

deceit; betrayal

دغا; خیانت

Persian

सैर कर दुनिया की ग़ाफ़िल ज़िंदगानी फिर कहाँ ज़िंदगी गर कुछ रही तो ये जवानी फिर कहाँ — Khwaja Meer Dard
जान तुझ पर कुछ ए'तिमाद नहीं ज़िंदगानी का क्या भरोसा है — Khan Arzoo Sirajuddin Ali
फ़िक्र-ए-ता'मीर' में न रह मुनइम ज़िंदगानी की कुछ भी है बुनियाद — Meer Taqi Meer
जिन पे होता है बहुत दिल को भरोसा 'ताबिश' वक़्त पड़ने पे वही लोग दग़ा देते हैं — Tabish Dehlvi
यक़ीं मोहकम अमल पैहम मोहब्बत फ़ातेह-ए-आलम जिहाद-ए-ज़िंदगानी में हैं ये मर्दों की शमशीरें — Allama Iqbal
वो कहते हैं मैं ज़िंदगानी हूँ तेरी ये सच है तो उन का भरोसा नहीं है — Aasi Ghazipuri

‘दग़ा’ शब्द विश्वासघात और टूटे हुए विश्वास का भार वहन करता है। यह विश्वासघात के दर्द को जागृत करता है, एक ऐसा घाव जो आत्मा में गहराई तक कटता है, और निशान छोड़ जाता है।

कवि अक्सर 'दग़ा' का उपयोग विश्वास और विश्वासघात के विषयों की खोज के लिए करते हैं। यह एक शक्तिशाली शब्द है जो टूटे हुए वादों और बिखरे हुए संबंधों की भावनात्मक उथल-पुथल को व्यक्त करता है।

कविता की दुनिया में, 'दग़ा' विश्वास की नाजुकता की एक मार्मिक याद दिलाता है।