Meaning of

हरम

haram • حرم

पवित्र स्थान; अभयारण्य; निषिद्ध

sanctuary; sacred place; forbidden

حرم; مقدس جگہ; ممنوع

Arabic

अब मैं क्या अपनी मोहब्बत का भरम भी न रखूँ मान लेता हूँ कि उस शख़्स में था कुछ भी नहीं — Jawwad Sheikh
मेरे तोहफ़ों ने मोहब्बत का भरम तोड़ दिया चूड़ियाँ तंग निकल आई हैं और हार खुले — Ahmad Abdullah
उस के फ़रोग़-ए-हुस्न से झमके है सब में नूर शम-ए-हरम हो या हो दिया सोमनात का — Meer Taqi Meer
ये ज़रूरी है कि आँखों का भरम क़ाएम रहे नींद रक्खो या न रक्खो ख़्वाब मेयारी रखो — Rahat Indori
उस के फ़रोग़-ए-हुस्न से झमके है सब में नूर शम-ए-हरम हो या हो दिया सोमनात का — Meer Taqi Meer
ले के ख़त उन का किया ज़ब्त बहुत कुछ लेकिन थरथराते हुए हाथों ने भरम खोल दिया — Jigar Moradabadi

'हरम' पवित्रता और अभेद्यता का आभास कराता है। यह एक अलग स्थान है, जहाँ दिव्य और सांसारिक मिलते हैं। कविता में, यह अक्सर हृदय के अंतरतम अभयारण्य या प्रेम के अछूते पहलुओं का प्रतीक होता है।

कवि 'हरम' का उपयोग प्रेम की पवित्रता या कुछ इच्छाओं की निषिद्ध प्रकृति को व्यक्त करने के लिए करते हैं। यह एक आध्यात्मिक शरण या गहन शांति का स्थान भी हो सकता है।

कविता में 'हरम' हमारे भीतर के पवित्र स्थानों की याद दिलाता है, जो सांसारिकता से अछूते हैं।