Meaning of
लरज
larj • لرز
Hindi
काँपना; थरथराना
English
tremble; shiver
Urdu
کانپنا; تھرتھرانا
Origin
Persian
Ash'aar
Nuance
'लरज' शब्द उस नाज़ुक एहसास को व्यक्त करता है जो डर या ठंड से जुड़ा होता है। कविता में, यह उन क्षणों की नाज़ुकता और अस्थिरता को पकड़ता है जब दिल या आत्मा गहरी भावनाओं से प्रभावित होती है।
Poetic Usage
'लरज' का उपयोग कवि पत्तों की हवा में काँपने, प्रेमी के दिल की थरथराहट, या अशांत आत्मा की नाज़ुक स्थिति को दर्शाने के लिए करते हैं।
Closing Insight
अपने काँपने में, 'लरज' ताकत और नाज़ुकता के बीच की मौन बातचीत को प्रकट करता है।
