Meaning of

क़बा

qaba • قباء

चोगा; वस्त्र

robe; garment

قباء; لباس

Arabic

किसे ख़बर वो मोहब्बत थी या रक़ाबत थी बहुत से लोग तुझे देख कर हमारे हुए — Ahmad Faraz
किसी को साल-ए-नौ की क्या मुबारकबाद दी जाए कैलन्डर के बदलने से मुक़द्दर कब बदलता है — Aitbar Sajid
तितलियाँ ख़ून से तर यूँँ ही नहीं फिरती बशर काँटे फूलों की क़बा ओढ़ के खिलते हैं यहाँ — Dharmesh bashar
मुबारकबाद सारे दोस्तों को दे चुके हैं पर तिरी आवाज़ सुन लें तो हमारा साल बन जाए — Akash Rajpoot
ज़िंदगी क्या किसी मुफ़लिस की क़बा है जिस में हर घड़ी दर्द के पैवंद लगे जाते हैं — Faiz Ahmad Faiz
नमकीं गोया कबाब हैं फीके शराब के बोसा है तुझ लबाँ का मज़े-दार चटपटा — Abroo Shah Mubarak
ब-चश्म-ए-अश्कबार है जबीं ज़मीन पर मगर ये अश्क जा रहे हैं चर्ख़ की तरफ़ — Abdulla Asif

'क़बा' शब्द चोगे को संदर्भित करता है, जो अक्सर गरिमा और अनुग्रह का प्रतीक होता है। कविता में, यह आंतरिक भावनाओं को छिपाने वाले बाहरी आवरण या एक महान आत्मा की शाही मुद्रा का प्रतिनिधित्व कर सकता है।

कवि 'क़बा' का उपयोग पहचान और दिखावे के विषयों की खोज के लिए करते हैं। यह व्यक्ति के सार्वजनिक व्यक्तित्व और निजी स्व के बीच के अंतर का प्रतीक हो सकता है।

कविता में, 'क़बा' मानव आत्मा को ढकने वाली परतों की याद दिलाता है।