Meaning of

ज़ेर

zer • زیر

नीचे; अधीन; तले

below; under; beneath

نیچے; تحت; زیر

Arabic

दूर अगर रहते हैं माँ से हम ख़र्चीले हो जाते हैं ऐसा खाना मिलता है सब कपड़े ढीले हो जाते हैं — Tanoj Dadhich
खेल शतरंज के बदलते हैं दाव असली वज़ीर चलते हैं — Shubham Rai 'shubh'
अलिफ़ को बै ज़बर को ज़ेर कहता है हर इक टटपुंजिया अब शे'र कहता है — Amaan mirza
ज़बर के बा'द मैं ये ज़ेर कहता हूँ तुम्हारी याद में जाँ शे'र कहता हूँ — Danish Balliavi
भूख है तो सब्र कर, रोटी नहीं तो क्या हुआ आजकल दिल्ली में है ज़ेर-ए-बहस ये मुद्दआ' — Dushyant Kumar
ज़ेर-ए-साया-ए–ज़ुल्फ, सोचा नहीं तेरी फुर्कत भी सहनी पड़ेगी हमें — Pritesh Bunker
हाट इक रोज़ मेरे गाँव का आ कर देखो यहाँ फ्रीज़र नहीं मिट्टी के घड़े मिलते हैं — Wajid Husain Sahil
न जाने कब से सहरा था मेरे दिल का जज़ीरा तेरे बस एक गुल ने कर दिया गुलज़ार इस को — Kiran K

ज़ेर नीचे या अधीन होने का भाव देता है, अक्सर किसी छिपे या अंतर्निहित चीज़ का वर्णन करने के लिए उपयोग किया जाता है। कविता में, यह सतह के नीचे की परतों, भावनाओं या विचारों की अदृश्य गहराई को उभार सकता है।

कवि ज़ेर का उपयोग अर्थ की छिपी परतों को खोजने के लिए करते हैं। यह अनकही भावनाओं की गहराई या उन आधारों का सुझाव दे सकता है जिन पर दृश्य संरचनाएँ खड़ी होती हैं। ज़ेर उस पर विचार करने के लिए आमंत्रित करता है जो नीचे छिपा है।

ज़ेर अदृश्य और अनकही चीज़ों को प्रकट करता है। यह हमें सतह से परे देखने के लिए याद दिलाता है, उन गहराइयों में जहाँ सच्ची समझ निहित है।