Meaning of
क़ाबिल-ए-जुर्म
qaabil-e-jurm • قابل جرم
Hindi
अपराध के योग्य; दोषी
English
liable to crime; culpable
Urdu
جرم کے قابل; مجرم
Origin
Arabic
Nuance
'क़ाबिल-ए-जुर्म' वाक्यांश नैतिक निर्णय का भार वहन करता है। यह गलत काम करने की संभावना, व्यक्तियों के भीतर उन कार्यों को करने की क्षमता की बात करता है जिन्हें समाज दंडनीय मानता है। कविता में, यह अक्सर अपराधबोध, जिम्मेदारी और निर्दोषता और दोष के बीच की महीन रेखा के विषयों की खोज करता है।
Poetic Usage
कवि 'क़ाबिल-ए-जुर्म' का उपयोग मानव स्वभाव की जटिलताओं में उतरने के लिए करते हैं। यह सही और गलत के बीच की आंतरिक संघर्ष या समाज के दबावों को दर्शा सकता है जो किसी को अपराध की ओर ले जाते हैं। यह वाक्यांश अक्सर न्याय और मुक्ति की प्रकृति पर सवाल उठाता है।
Closing Insight
'क़ाबिल-ए-जुर्म' में, हम अंतरात्मा की प्रतिध्वनि और चुनाव की छायाएँ पाते हैं। यह हमें नैतिकता की सीमाओं पर विचार करने के लिए चुनौती देता है।