Meaning of

क़यामत

qayamat • قیامت

प्रलय; क़यामत का दिन; अंतिम न्याय

doomsday; apocalypse; ultimate reckoning

قیامت; روزِ محشر; آخری حساب

Arabic

यारो कुछ तो ज़िक्र करो तुम उस की क़यामत बाँहों का वो जो सिमटते होंगे उन में वो तो मर जाते होंगे — Jaun Elia
मेरे कमरे में उदासी है क़यामत की मगर एक तस्वीर पुरानी सी हँसा करती है — Abbas Qamar
जो पर्दों में ख़ुद को छुपाए हुए हैं क़यामत वही तो उठाए हुए हैं — Hafeez Banarasi
ग़ज़ब किया तिरे वअ'दे पे ए'तिबार किया तमाम रात क़यामत का इंतिज़ार किया — Dagh Dehlvi
आँसुओं से लिख रहे हैं बेबसी की दास्ताँ लग रहा है दर्द की तस्वीर बन जाएँगे हम — Azm Shakri
तुम ने उस रोज़ क़यामत ही उठा रक्खी थी तुम ने उस रोज़ मुझे देखते देखा होता — Tarkash Pradeep
थक गए हम करते करते इंतिज़ार इक क़यामत उन का आना हो गया — Akhtar Shirani
आप सब कुछ देख सकतें हैं अगर फिर हमारी बेबसी भी देखिए — Shadab Asghar
गर ज़िंदगी में मिल गए फिर इत्तिफ़ाक़ से पूछेंगे अपना हाल तिरी बेबसी से हम — Sahir Ludhianvi

यह शब्द अंतिमता और न्याय का भाव उत्पन्न करता है। कविता में, यह अक्सर युग के अंत या गहन परिवर्तन का प्रतीक होता है, जिसमें अनिवार्यता और ब्रह्मांडीय पैमाना होता है।

कवि 'क़यामत' का उपयोग भावनात्मक उथल-पुथल की विशालता को व्यक्त करने के लिए करते हैं। यह व्यक्तिगत प्रलय या सामाजिक पतन का प्रतिनिधित्व कर सकता है। अक्सर आशा या नवीनीकरण के विपरीत, यह परिवर्तन की गंभीरता को रेखांकित करता है।

क़यामत अंत की गहरी गंभीरता को समेटे हुए है। इसकी छाया में, कवि निराशा और नई शुरुआत के बीज दोनों पाते हैं।