Meaning of
मंसूब
mansoob • بادہ آشامی
Hindi
समर्पित; अर्पित
English
attributed; dedicated
Urdu
منسوب; وقف
Origin
Arabic
Ash'aar
Nuance
'मंसूब' शब्द में समर्पण या अर्पण की भावना होती है। कविता में, यह अक्सर किसी व्यक्ति, विचार या उद्देश्य के प्रति गहरे संबंध या जुड़ाव को दर्शाता है। इस शब्द की भावनात्मक गहराई इसके उद्देश्य और भक्ति की भावना में निहित है।
Poetic Usage
'मंसूब' का उपयोग कवि किसी प्रिय या उच्च उद्देश्य के प्रति समर्पण व्यक्त करने के लिए करते हैं। यह एक आध्यात्मिक या भावनात्मक बंधन को दर्शा सकता है। यह शब्द अक्सर प्रेम, निष्ठा और विश्वास के संदर्भों में आता है।
Closing Insight
कविता की दुनिया में, 'मंसूब' समर्पण के सार को समेटे हुए है। यह उन बंधनों की बात करता है जो साधारण से परे हैं।
