Meaning of

क़द्र

qadr • قدر

मूल्य; क़ीमत; सराहना; सम्मान

value; worth; appreciation; respect

قدر; قیمت; تعریف; احترام

Arabic

वो आए घर में हमारे ख़ुदा की क़ुदरत है कभी हम उन को कभी अपने घर को देखते हैं — Mirza Ghalib
मयख़ाने की क़द्र है मेरी नज़रों में इसने जाने कितनी मौतें टाली हैं — Harsh saxena
फिर एक रोज़ मुक़द्दर से हार मानी गई ज़बीन चूम के बोला गया "ख़ुदा हाफ़िज़" — Afkar Alvi
हर घड़ी ख़ुद से उलझना है मुक़द्दर मेरा मैं ही कश्ती हूँ मुझी में है समुंदर मेरा — Nida Fazli
मिलने की तरह मुझ सेे वो पल भर नहीं मिलता दिल उस से मिला जिस सेे मुक़द्दर नहीं मिलता — Naseer Turabi
छू लेने दो नाज़ुक होंठों को, कुछ और नहीं हैं जाम हैं ये क़ुदरत ने जो हम को बख़्शा है, वो सब सेे हसीं ईनाम हैं ये — Sahir Ludhianvi
कोशिश भी कर उमीद भी रख रास्ता भी चुन फिर इस के ब'अद थोड़ा मुक़द्दर तलाश कर — Nida Fazli
जो मिल गया उसी को मुक़द्दर समझ लिया जो खो गया मैं उस को भुलाता चला गया — Sahir Ludhianvi
सितारे कुछ बताते हैं नतीजा कुछ निकलता है बड़ी हैरत में हैं मेरा मुक़द्दर देखने वाले — Madan Mohan Danish

'क़द्र' का मूल अर्थ किसी वस्तु या व्यक्ति का आंतरिक मूल्य या क़ीमत है। कविता में, यह शब्द अक्सर सराहना और सम्मान की भावनात्मक गहराई को समेटता है, जो वास्तव में प्रिय है उसका सार पकड़ता है।

कवि अक्सर 'क़द्र' का उपयोग अप्रकाशित मूल्य या सराहना की लालसा को व्यक्त करने के लिए करते हैं। यह उपेक्षा या उदासीनता के विपरीत है, मान्यता की मौन याचना को उजागर करता है।

कविता में, 'क़द्र' एक दर्पण बन जाता है जो मान्यता के मौन क्रंदन और अप्रकाशित मूल्य की सुंदरता को प्रतिबिंबित करता है।