Meaning of

क़रार

qaraar • قرار

शांति; समझौता; विश्राम

peace; agreement; rest

سکون; معاہدہ; آرام

Arabic

इक बे-क़रार दिल से मुलाक़ात कीजिए जब मिल गए हैं आप तो कुछ बात कीजिए — Naushad Ali
तेरे क़ौल-ओ-क़रार से पहले अपने कुछ और भी सहारे थे — Faiz Ahmad Faiz
ये मज़ा था दिल-लगी का कि बराबर आग लगती न तुझे क़रार होता न मुझे क़रार होता — Dagh Dehlvi
छत पे सिगरेट ले के बैठा है चाँद भी बे-क़रार है शायद — Satya Prakash Soni
झुकी झुकी सी नज़र बे-क़रार है कि नहीं दबा दबा सा सही दिल में प्यार है कि नहीं — Kaifi Azmi
वो जो हम में तुम में क़रार था तुम्हें याद हो कि न याद हो वही या'नी वा'दा निबाह का तुम्हें याद हो कि न याद हो — Momin Khan Momin
रुके रुके से क़दम रुक के बार बार चले क़रार दे के तिरे दर से बे-क़रार चले — Gulzar
ख़ुश भी हो लेते हैं तेरे बे-क़रार ग़म ही ग़म हो इश्क़ में ऐसा नहीं — Firaq Gorakhpuri

'क़रार' अपने मूल में शांति और स्थिरता का भाव समेटे हुए है। कविता में, यह अक्सर उस आंतरिक शांति का प्रतिनिधित्व करता है जिसे कोई व्यक्ति अराजकता के बीच खोजता है, या आत्माओं के बीच मौन समझौता।

कवि अक्सर 'क़रार' का उपयोग तूफान के बाद की शांति, आंतरिक संघर्षों के समाधान, या भाग्य की शांत स्वीकृति को चित्रित करने के लिए करते हैं।

कविता में 'क़रार' उथल-पुथल के बाद आने वाली शांति की कोमल याद दिलाता है, जीवन की सिम्फनी में सामंजस्य की फुसफुसाहट।