dariyaa ne kab hi samjha hai sehra hone ka matlab | दरिया ने कब ही समझा है सहरा होने का मतलब

  - Jitendra "jeet"

दरिया ने कब ही समझा है सहरा होने का मतलब
फिर क्यूँ दुनिया समझाती है लड़का होने का मतलब

कितने अपने बिछड़े हम सेे कितनों ने ठुकराया है
तन्हा लोग समझ सकते हैं तन्हा होने का मतलब

जिसकी ख़ातिर अपने तन को मैंने चकनाचूर किया
वो पत्थर हमको समझाए शीशा होने का मतलब

सारे पर्वत के आँसू जिसके सीने में ठहरे हों
यार समुन्दर से मत पूछो गहरा होने का मतलब

यार अता की हर पल जिसने ग़म तड़पन और बैचेनी
वो लड़की हमको समझाए अच्छा होने का मतलब

  - Jitendra "jeet"

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