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Top 10 of
Ashu Mishra
GHAZAL
जो पर्दादारी चली तो यारी नहीं चलेगी
हमारी दुनिया में दुनियादारी नहीं चलेगी
Ashu Mishra
10
SHER
ग़म में हम सूरत-ए-गमख़ार नहीं पढ़ते हैं
इस लिए मीर के अश'आर नहीं पढ़ते हैं
Ashu Mishra
9
SHER
साथ में तू मेरे दो गाम तो चल सकता है
इतना चलने से मेरा काम तो चल सकता है
Ashu Mishra
8
GHAZAL
जहाँ से आ गए हैं उस जहाँ की याद आती है
कि हम उर्यां-सरों को साएबाँ की याद आती है
Ashu Mishra
7
SHER
कुछ ख़ास तो बदला नहीं जाने से तुम्हारे
बस राब्ता कम हो गया फूलों की दुकाँ से
Ashu Mishra
6
SHER
तुम्हारा दिल यहाँ पर खो गया तो कैसी हैरत है
बरेली में तो झुमके तक निकल जाते हैं कानों से
Ashu Mishra
5
SHER
ये शहर-ए-अजनबी में अब किसे जा कर बताएँ हम
कहाँ के रहने वाले हैं कहाँ की याद आती है
Ashu Mishra
4
SHER
पुरानी चाहत के ज़ख़्म अब तक भरे नहीं हैं
और एक लड़की पड़ी है पीछे बड़े जतन से
Ashu Mishra
3
SHER
मैं इश्क़ कर रहा हूँ मगर सोचता भी हूँ
पिछले बरस जो हो चुका अब के बरस न हो
Ashu Mishra
2
SHER
उदासी का सबब दो चार ग़म होते तो कह देता
फ़ुलाँ को भूल बैठा हूँ फ़ुलाँ की याद आती है
Ashu Mishra
1
Ahmad Azeem
Azhar Iqbal
Varun Anand
Asad Bhopali
Nadeem Bhabha
Fakhira batool
Wasi Shah
Rahat Indori
Azhar Faragh
Khurram Afaq