Meaning of

कौ़ल

qaul • قول

वादा; शब्द; घोषणा

promise; word; declaration

وعدہ; لفظ; اعلان

Arabic

तुम अपने क़ौल से मुकरोगी तो नहीं जानाँ हमारे सामने जब ख़ानदान आएँगे — Siraj Faisal Khan
क़ौल-ए-नबी है जो रखे ज़हरा से दुश्मनी रू-ए-ज़मीं पे चलना भी उस का हराम है — Almas Rizvi
बक़ौल उन के मैं ग़ज़लें कमाल लिखता हूँ वो बे-ख़बर हैं उन्हीं का जमाल लिखता हूँ — Shakir Dehlvi
तेरे क़ौल-ओ-क़रार से पहले अपने कुछ और भी सहारे थे — Faiz Ahmad Faiz
वैसे तो सारा जहाँ उन का है लेकिन इक क़ौल पे बे-घर हैं राम — Pritesh Bunker

'कौ़ल' मूल रूप से एक वादा या दिया गया गंभीर शब्द दर्शाता है। कविता में, यह अक्सर किसी के शब्द के वजन और वादों को निभाने से जुड़ी प्रतिष्ठा को दर्शाता है। यह विश्वास और ईमानदारी की भावना को उभारता है।

कवि 'कौ़ल' का उपयोग विश्वास, सम्मान और किसी के शब्द के नैतिक वजन के विषयों का पता लगाने के लिए करते हैं। यह अक्सर विश्वासघात या झूठ के विपरीत होता है, सत्यनिष्ठा की महानता को उजागर करता है। यह किसी के वादों को निभाने के आंतरिक संघर्ष को भी दर्शा सकता है।

'कौ़ल' शब्द ईमानदारी के शाश्वत सार के साथ गूंजता है। यह हमें वादों के पवित्र बंधन और अपने शब्द को निभाने में सम्मान की याद दिलाता है।