लगा हैं हुस्न का व्यापार दिल्ली में
मिलेगा अब हमें भी प्यार दिल्ली में
यहाँ पानी से सस्ती मय शराबी ख़ुश
बड़ी अच्छी बनी सरकार दिल्ली में
लगाते हैं यहाँ अफ़ज़ल के नारे भी
समझ लो कितने हैं ग़द्दार दिल्ली में
हसीं लड़की हमारा दिल सँभालोगी
बहुत कम हैं हमारे यार दिल्ली में
सुनो जानाँ चली आओ ठहर जाओ
मिलेंगे हम तुझे हर बार दिल्ली में
अकेला हूँ समझ भी लो हमारा दुःख
जवानी जा रही बेकार दिल्ली में
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