bataa mujhe meri taqdeer kab sanvaarega | बता मुझे मेरी तक़दीर कब सँवारेगा

  - Bhuwan Singh

बता मुझे मेरी तक़दीर कब सँवारेगा
तू मेरे साथ में कब ज़िंदगी गुज़ारेगा

इशारे करता है तू मुझको ऑंख से लेकिन
मुझे बता तू मेरा नाम कब पुकारेगा

मेरी ये आँखें यही इक सवाल करती हैं
कि इनके जैसा वो भी क्या इन्हें निहारेगा

ख़ुदा सभी को ही जन्नत अता नहीं करता
करेगा 'इश्क़ जो भी स्वर्ग ही सिधारेगा

ख़ुदाया कोई परीज़ाद चाहिए मुझको
मेरे लिए तू ज़मीं पर किसे उतारेगा

  - Bhuwan Singh

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