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Top 10 of
Bhuwan Singh
GHAZAL
दिल तोड़ने के काम में बेबाक होकर क्या मिला
ऐ यार तुझ को इश्क़ में नापाक होकर क्या मिला
Bhuwan Singh
10
GHAZAL
अपना ही घर समझता रहा उस मकान को
परवाह तारे की न थी पर आसमान को
Bhuwan Singh
9
SHER
अब वो मोहब्बत ही कहाँ जो थी पुराने दौर में
हम ने किया है प्यार पर तुम सेे यहाँ उस तौर में
Bhuwan Singh
8
SHER
रात दिन अब मुझे सुकून नहीं
पहले जैसा कोई जुनून नहीं
Bhuwan Singh
7
SHER
अपने इश्क़ को मेरे रास्ते लगा लेना
या कहानी में अपने फ़लसफ़े लगा लेना
Bhuwan Singh
6
GHAZAL
हिज्र की रात या हफ़्ता भी मुझे याद नहीं
उस के ग़म में मिरा रहना भी मुझे याद नहीं
Bhuwan Singh
5
SHER
मैं जानता हूँ अब वो ख़ैरात नहीं करता
मिलने आ भी जाए तो फिर बात नहीं करता
Bhuwan Singh
4
SHER
फिर ग़मों से आज है पुरशाद शाइ'र
फिर लिखेगा आज कुछ बर्बाद शाइ'र
Bhuwan Singh
3
SHER
मैं मोहब्बत को अगर दोस्त से बढ़कर कहता
हाल यूँँ होता कि मैं मय-कदे को घर कहता
Bhuwan Singh
2
SHER
अब तो मिरे लिए वो इक शख़्स मर गया है
जो मेरी ज़िंदगी यूँँ बर्बाद कर गया है
Bhuwan Singh
1
Naresh sogarwal 'premi'
Shreya Shivmurti
Kavi Naman bharat
Nirbhay Nishchhal
SZUBAIR KHAN KHAN
Aditya
Saurabh Mehta 'Alfaaz'
Sandeep dabral 'sendy'
Nakul kumar
Adnan Raza