Top 20 Festive Shayari Collection

Festive shayari captures the spirit of joy, togetherness, and celebration that comes with every tyohar. Whether it’s lights, laughter, or heartfelt wishes, these lines bring warmth to every occasion. Perfect for sharing jashn vibes with loved ones, festive poetry turns moments into memories.

ये तुम ने कैसा बना कर हमें किया है गुम ख़ुशी से झूम उठेगा जिसे मिलेंगे हम — Swapnil Tiwari
ये भी ए'जाज़ मुझे इश्क़ ने बख़्शा था कभी उस की आवाज़ से मैं दीप जला सकता था — Ahmad Khayal
ऐ दिल की ख़लिश चल यूँँही सही चलता तो हूँ उन की महफ़िल में उस वक़्त मुझे चौंका देना जब रंग पे महफ़िल आ जाए — Behzad Lakhnavi
ये चुपके चुपके न थमने वाली हँसी तो देखो वो साथ है तो ज़रा हमारी ख़ुशी तो देखो — Shariq Kaifi
कई ग़म से परेशाँ है ख़ुशी सब को नहीं हासिल जहाँ में कोई होता है कि जो बिखरा नहीं होता — karan singh rajput
फिर इस के बा'द मनाया न जश्न ख़ुश्बू का लहू में डूबी थी फ़स्ल-ए-बहार क्या करते — Azhar Iqbal
मिरी आरज़ू का हासिल तिरे लब की मुस्कुराहट हैं क़ुबूल मुझ को सब ग़म तिरी इक ख़ुशी के बदले — Kashif Adeeb Makanpuri
मुझ को गया था छोड़ के वो कितने तैश में लेकिन ख़ुशी से रह न सका एक साल भी — Ankit Maurya
दिल नज़र बन जाएगा ग़म हर ख़ुशी हो जाएगी आप के जाते ही दुनिया दूसरी हो जाएगी — Shakeel Badayuni
चराग़ घर का हो महफ़िल का हो कि मंदिर का हवा के पास कोई मसलहत नहीं होती — Waseem Barelvi
उदासी है चले जाने से तेरे जो कि लगता है ख़ुशी तो अब नहीं आनी — Kohar
है ख़ुशी इंतिज़ार की हर दम मैं ये क्यूँँ पूछूँ कब मिलेंगे आप — Nizam Rampuri
महफ़िल में बैठे लोगों को भाने लगी जब वो मेरे अश'आर फ़रमाने लगी — Rachit Sonkar