जिस तरह ज़िन्दगी ज़रूरी है
उस तरह बंदगी ज़रूरी है
आप को लड़कियाँ ज़रूरी है
पर मुझे शा'इरी ज़रूरी है
इस लिए ख़ून बेचता हूँ मैं
बाप की ज़िन्दगी ज़रूरी है
ज़िन्दगी से नजात की ख़ातिर
सच बता ख़ुद-कुशी ज़रूरी है
जैसे बीमार को दवा 'साबिर'
वैसे ही आशिक़ी ज़रूरी है
— Sabir Pathan















