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Top 10 of
Sristi Singh
SHER
याद आती है तेरी रुस्वाई
मौसमों की हसीन पुरवाई
Sristi Singh
10
GHAZAL
मुझ को हर ख़ौफ़ से रिहा कर दो
या तो फिर शाख़ से हरा कर दो
Sristi Singh
9
SHER
निगाहों से कहना ये बच कर रहेंगी
वो शाइ'र है और फिर समाँ ओढ़ती है
Sristi Singh
8
GHAZAL
टूट जाएँ अगर ये खिलौने अभी
रो पड़ेंगे ज़मीं के फ़रिश्ते अभी
Sristi Singh
7
SHER
निगाहें चीख कर जो कुछ भी कहती हैं
मिरे ही बीस सालों की कमाई है
Sristi Singh
6
SHER
ख़मोशी चूमता है सुर्ख़ होंठों से
सो उस के आने पे चुप्पी सजाई है
Sristi Singh
5
SHER
वफ़ा में आग लग जाए तो अच्छा है
हँसी ग़मगीन करने से तो अच्छा है
Sristi Singh
4
SHER
सभी सौदागरों के ख़्वाब होते हैं
हो दुख मेरे तराज़ू पे तो अच्छा है
Sristi Singh
3
GHAZAL
सभी के दिलों में कसक सी उठी है
कि क्यूँँ आँख उस की चमक सी उठी है
Sristi Singh
2
SHER
जब मुसलसल दुखों का समुंदर बहे
ग़ैर को दुख बताना तभी चाहिए
Sristi Singh
1
Piyush Sharma
Vishna prajapati
Sagheer Lucky
Satyam Bhaskar "Bulbul"
Ramnath Shodharthi
Kazim Rizvi
Harsh Kumar
Lokesh Singh
Raj Tiwari
Yusha Abbas 'Amr'