किसी का घोंट कर के दम कभी साँसें नहीं लूँगा
यक़ीं करना है तो कर लो नहीं क़स
में नहीं लूँगा
किताबों में करो शामिल कि बदला भी ज़रूरी है
मगर आँखों के बदले में कभी आँखें नहीं लूँगा
मैं ज़िद्दी हूँ दिखाना राह जो तुम ने न देखी हो
दिखाए पथ नहीं चलता बता राहें नहीं लूँगा
— Piyush Sharma















