har ek baat pe sau sau sawaal karte hain | हर एक बात पे सौ सौ सवाल करते हैं

  - A R Sahil "Aleeg"

हर एक बात पे सौ सौ सवाल करते हैं
हुज़ूर आप तो सचमुच कमाल करते हैं

ज़रा सी बात है इक दिल का टूट जाना और
ज़रा सी बात का इतना मलाल करते हैं

वो पास आए तो मर जाऊँगा ख़ुदा की क़सम
जो इतनी दूर से जीना मुहाल करते हैं

हमीं से एक मिलाते नहीं नज़र लेकिन
वो इस करम से ज़माना निहाल करते हैं

वो बेवफ़ा नहीं बनता तुम्हारा होता अगर
तो क्यूँ फ़िराक़ में आँखों को लाल करते हैं

ये राज़ खुलता है इक दिन जहान के आगे
जो लोग कुछ नहीं करते कमाल करते हैं

चला-चला के वो आँखों के तीर ऐ साहिल
यहाँ शिकार हर इक सू ग़ज़ाल करते हैं

  - A R Sahil "Aleeg"

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