अपनी तौहीन कर गई लड़की
अपने अंदर ही मर गई लड़की
एक कमबख़्त प्यार के ख़ातिर
सब हदों से गुज़र गई लड़की
छोड़ कर तू चला गया उस को
कल बहुत लेट घर गई लड़की
मैं उसे चूमता था आँखों से
सो मेरी आँख भर गई लड़की
सब ने बस जिस्म देखा है उस का
ज़िंदगी भर जिधर गई लड़की
कह दिया ग़ुस्से में तू भाड़ में जा
यार जाने किधर गई लड़की
— Brajnabh Pandey















