मीर-ए-लश्कर पे वार कौन करेये हिमाक़त है यार कौन करेये इनायत है आप की वर्नाइस तमाशे से प्यार कौन करेकब बदल जाएगी ये आब-ओ-हवावक़्त का ए'तिबार कौन करेक़ाबिल-ए-एतिबार आप कहाँआप को राज़दार कौन करेकाम दिन में भी हो मोहब्बत केरात का इंतिज़ार कौन करे— Kartik Bhalerao " Asad "