ATUL SINGH

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@ATULSINGH

ATUL SINGH shayari collection includes sher, ghazal and nazm available in Hindi and English. Dive in ATUL SINGH's shayari and don't forget to save your favorite ones.

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Sher

हमारे हाथ में टेडी नहीं है ये दिल का खेल है सो दिल समझना — ATUL SINGH
तुम्हारी यादें हैं सो कैसे इनको भूल जाएँ हम भला कोई हवा के बिन जिया है और जी सकता है — ATUL SINGH
चलो ऐ हिंद के सैनिक कि लहराएँ तिरंगा हम जिसे दुनिया नमन करती है उस पर्वत की चोटी पर — ATUL SINGH
जानता हूँ कि हवाएँ तुझे बहकाती हैं जा चराग़ों की तरह तू भी उजाला कर दे — ATUL SINGH
सभी हैरत करेंगे जब नई पहचान लिख देंगे फ़लक पर भी हुनर से अपने हिंदुस्तान लिख देंगे — ATUL SINGH
कसर उस ने न छोड़ी कोई मेरा दिल दुखाने में वो अपनी हद से नीचे गिर गया मुझ को गिराने में — ATUL SINGH
बिछड़ कर तुम सेे वो दिन ज़िन्दगी में लौट आए हैं तुम्हें अब चाँद में हम देखते हैं और सो जाते हैं — ATUL SINGH
जी रहा था देख कर जिस शख़्स को ये ज़िंदगी मैं एक अर्सा हो गया है, वो दिखा मुझ को नहीं है — ATUL SINGH
आप जो कुछ भी कहे मुझ से वो सब कुछ ही सही है इश्क़ भोला है मेरा इतना, मगर अंधा नहीं है — ATUL SINGH
फिर किसी लड़की से दिल अपना लगा मैं ने लिया है दर्द सहने में मेरे दिल को मज़ा आने लगा है — ATUL SINGH
चलो फिर से मिलें हम अजनबी बनकर चलो फिर से वफ़ा की क़स में हम खाएँ — ATUL SINGH
बताओ मान लूँ कैसे कि ये मुमकिन नहीं है वो सारे ख़्वाब जो देखे थे हम ने सच न होंगे — ATUL SINGH
दुआएँ साथ जिस के हो वतन की वो क्या जाने कि रण में हार क्या है — ATUL SINGH
हौसला देख मेरा झुक गया वो पर्वत भी वो जिसे नाज़ था ख़ुद की कभी ऊँचाई पर — ATUL SINGH
मैं बहुत ख़ुश हूँ तुम्हारे जाने के बा'द झूठ दुनिया को बताता ये रहूँगा — ATUL SINGH
इक नज़र भी तू मुझ को देखता नहीं हैं अब जान इस क़दर तुझ को चुभने लग गया हूँ मैं — ATUL SINGH
लोग कहते हैं ख़ुदा सब कुछ नहीं देता है सब को इस लिए शायद तुम्हें उस ने लिया है छीन मुझ सेे — ATUL SINGH
वो शख़्स मेरे ग़म को समझे भी कैसे आख़िर चेहरे को पढ़ना तो उस को आता ही नहीं हैं — ATUL SINGH
मिले हैं ज़ख़्म इतने कि बता भी मैं नहीं सकता किसी से बा'द तेरे दिल लगा भी मैं नहीं सकता — ATUL SINGH

Ghazal