तूने मुझसे मुहब्बत की बातें की थीं बस और कुछ नइँ
अगर मुहब्बत होती तो बात करती अपने अब्बा से
लड़कों की बर्बादी के तीन रास्ते ये
हों बिखरी ज़ुल्फ़ें लाल होंठ काली साड़ी
ये सच है मैं उस पर मरता हूँ
इस से ज़ियादा क्या कर सकता हूँ
मेरे सामने ज़िक्र न हो उसका
उसके ज़िक्र से मैं रो पड़ता हूँ
तूने मुझको दोस्त ही समझा बस
मैं तो तुझ से मुहब्बत करता हूँ
तुझको तेरी खुशी मुबारक हो
मुझे इजाज़त दे मैं चलता हूँ
मेरी दुनिया को रंगीन बनाने में
होने लगी हैं जुल्फें सफ़ेद अम्मी की
मैं जब जब लिखने लगता हूँ तेरे बारे में
काग़ज़ पर तेरी तस्वीर उभरने लगती है
हैरान नहीं हूँ उसके बात न करने से
ये तो आदत है उसकी मुझको सताने की
किसी को वादे देकर के मुकर जाना नहीं सौरभ
किसी को वक़्त देकर के गुज़र जाना नहीं सौरभ
समेटा है तुझे तेरे बिगड़ने पर सदा जिसने
मेरा कहना वहीं रहना बिखर जाना नहीं सौरभ