तसव्वुर को हक़ीक़त कर रहा हूँतुम्हें अपनी मुहब्बत कर रहा हूँतिरा दिल वो अदालत है कि जिसमेंवफ़ा की मैं वकालत कर रहा हूँ— Kaviraj " Madhukar"