ख़ौफ़, ख़ामोशी, बेचैनी ने था जकड़ाहाथ मेरा तेरे हाथों ने था पकड़ाप्यार है तो फिर झगड़ा भी करना सीखोइत्तना सा बस हम दोनों में था झगड़ा— Udit Narayan Mishra