जब भी हम साथ चलने लगते हैं
ख़ाब आँखों में पलने लगते हैं
एक तितली को देख कर यारो
सारे पौधे उछलने लगते हैं
साथ हो कोई हादसा तो फिर
लोग ख़ुद ही सँभलने लगते हैं
तेरी तस्वीर देखने के बा'द
मेरे आँसू निकलने लगते हैं
— Vineet Dehlvi
ख़ाब आँखों में पलने लगते हैं
एक तितली को देख कर यारो
सारे पौधे उछलने लगते हैं
साथ हो कोई हादसा तो फिर
लोग ख़ुद ही सँभलने लगते हैं
तेरी तस्वीर देखने के बा'द
मेरे आँसू निकलने लगते हैं
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