आदमी देश छोड़े तो छोड़े 'अली'दिल में बसता हुआ घर नहीं छोड़ताएक मैं हूँ कि नींदें नहीं आ रहीएक तू है कि बिस्तर नहीं छोड़ता— Ali Zaryoun