थोड़ा सा माहौल बनाना होता है

वर्ना किस के साथ ज़माना होता है

आँसू पहली शर्त है ज़िंदा रहने की
ग़म तो साँसों का जुर्माना होता है

सच्चा शे'र सुनाने वाले ख़त्म हुए
अब तो ख़ाली खेल दिखाना होता है

रात हमारे घर जल्दी आ जाया कर
हमें सवेरे काम पे जाना होता है

लाल-क़िले की दीवारों पर लिखवा दो
दिल सब से महफ़ूज़ ठिकाना होता है

दुनिया में भर-मार है नक़ली लोगों की
सौ में कोई एक दिवाना होता है

— Shakeel Jamali

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