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थक गया हूँ ख़ुद से चल सकता नहीं अबइससे आगे ज़िन्दगी ले चल मुझे तू
मुझे तुम से मोहब्बत है मेरी जाँयही तो बोलना है देखते हैं
कि जितनी पूरे संसार में हैकशिश उतनी हमारे यार में है
ग़लतफ़हमी हुई है कोई तुम कोकिसी से भी नहीं रूठा हुआ मैं
मैं तो बेकार हूँ इतना कि मुझको फ़िक्र है जानाँकि बेकारी कहीं मेरी न ये बेकार हो जाए
मैनें तुम्हें पहले कभी देखा है क्याहाँ, याद आया ख़्वाब में दिखे थे तुम
मैं बताता हूँ कि आख़िर मौत क्या है और दुनियाओं को खुलता रास्ता है
जानते हो मुझे तुम अगर तो फिर उदासी है क्या जानते हो
किसी के हाथ में आया नहीं फिर किसी के हाथ से छूटा हुआ मैं
हमारे साथ चलना तुम मगर ये याद रख लेना हमारे साथ चलने में बहुत दुश्वारियाँ होंगी