एक ही मंजिल एक ठिकाना होता है
सब को इक दिन वापस जाना होता है
दिल की धड़कन से साँसों के चलने तक
इतना सा ही ताना बाना होता है
खुल जाती हैं मुश्किल से मुश्किल गाँठे
प्यार से केवल गले लगाना होता है
अपनी राह बना लेते हैं अक्सर ये
बच्चों को तो बस समझाना होता है
साथ निभाया करता है सब सुख दुख में
जो भी कोई यार पुराना होता है
दुनिया क़दमों में आ कर झुक जाएगी
अपना निश्छल प्रेम दिखाना होता है
— Abhinav Srivastav















